जैसलमेर में एम्बुलेंस में बेटी का जन्म
रास्ते में लेबर पेन हुआ तो स्टाफ ने कराई डिलीवरी
इसे भी पढ़ें (Read Also): लैपटॉप की लंबी उम्र के लिए अपनाएं ये खास टिप्स
मां-बेटी दोनों सुरक्षित
*जैसलमेर।(सी आर देवपाल जैसलमेर)।*
जैसलमेर के उगवा क्षेत्र में 108 एम्बुलेंस सेवा एक बार फिर जीवनदायिनी साबित हुई। नर्सिंगों की ढाणी की लक्ष्मी देवी (25) को प्रसव पीड़ा बढ़ने पर हॉस्पिटल ले जाया जा रहा था, लेकिन स्थिति बिगड़ते देख एम्बुलेंस में ही सुरक्षित प्रसव कराया गया।
EMT की त्वरित कार्रवाई से मां और बच्ची दोनों की जान बच सकी। अब मां और बेटी जवाहिर हॉस्पिटल में एडमिट है और खतरे से बाहर है। सभी लोग 108 एम्बुलेंस के स्टाफ की सराहना कर रहे हैं।
गौरतलब है कि बीती रात नर्सिंगों की ढाणी की लक्ष्मी देवी को प्रसव पीड़ा हुई। परिजनों ने 108 एम्बुलेंस को सूचना देकर बुलाया। एम्बुलेंस महिला को जैसलमेर लेकर रवाना हुई, लेकिन रास्ते में स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि तत्काल प्रसव कराना आवश्यक हो गया।
*108 एम्बुलेंस में हुई सुरक्षित डिलीवरी*
एम्बुलेंस पायलट आशीष चौधरी ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए करीब 4:30 बजे गाड़ी को सड़क किनारे सुरक्षित स्थान पर रोका। इसके बाद एम्बुलेंस में तैनात इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन (EMT) मुकेश गोयल ने बिना किसी देरी के प्रसव प्रक्रिया शुरू की।सीमित संसाधनों और आपात स्थिति के बावजूद मुकेश गोयल ने पूरी कुशलता से सुरक्षित प्रसव करवाया। इस दौरान एम्बुलेंस पायलट ने परिवार को संभाला और स्थिति को नियंत्रित रखा।
*मां-बच्ची को जवाहिर हॉस्पिटल में एडमिट किया*
कुछ ही देर में महिला ने एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया। प्रसव के बाद EMT ने नवजात शिशु और मां की प्राथमिक जांच की और दोनों को सुरक्षित रूप से स्थिर किया। इसके बाद उन्हें तुरंत जवाहिर अस्पताल, जैसलमेर के लिए रवाना किया गया। हॉस्पिटल पहुंचने पर डॉक्टरों ने मां और बच्ची दोनों को पूरी तरह स्वस्थ बताया। फिलहाल दोनों को अस्पताल में भर्ती कर निगरानी में रखा गया है।
ग्रामीण परिवेश में अक्सर चौबीसों घंटे स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध नहीं होती, ऐसे में 108 एम्बुलेंस सेवा एक जीवनरक्षक सेवा के रूप में स्थापित हो चुकी है। इस मामले में भी समय पर मिली एम्बुलेंस सेवा और प्रशिक्षित स्टाफ की मौजूदगी ने एक बड़ी अनहोनी को टाल दिया। परिजनों ने एम्बुलेंस टीम के प्रति आभार जताते हुए कहा कि अगर 108 की सेवा समय पर नहीं मिलती, तो स्थिति बिगड़ सकती थी।

