मंडी सचिव ने धान से भरी ट्रालियाँ रोकी, 10 हजार रुपये घूस मांगी, किसानों ने किया हंगामा
अतुल्य भारत चेतना
राकेश कुमार चौहान
बहराइच। लखीमपुर मंडी में धान बेचने जा रहे किसानों को चौधरी चरण सिंह घाघरा बैराज (कैलाशपुरी) पर उस समय भारी परेशानी का सामना करना पड़ा जब मिहिनपुरवा तहसील के मंडी सचिव राम औतर ने अपनी प्राइवेट गाड़ी से ट्रालियाँ रोक लीं और धान को खराब बताते हुए 10 हजार रुपये प्रति ट्राली घूस की मांग की।
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किसानों ने लगाया गंभीर आरोप
कारीकोट निवासी किसान परविंदर सिंह सहित अन्य किसान धान लेकर लखीमपुर जा रहे थे। मंडी सचिव ने उन्हें व्यापारी बताकर जबरन रोका और अवैध वसूली करने लगा। आरोप है कि सचिव ने स्पष्ट कहा कि “10 हजार रुपये दो तभी जाने दूंगा”। खतौली होने के बावजूद ट्रालियाँ नहीं छोड़ी गईं। सचिव ने फैजाबाद के डिप्टी डायरेक्टर ए.के. सिंह से फोन पर बात कराई, जिन्होंने बिना धान देखे ही उसे “सड़ा हुआ” घोषित कर दिया और खरीदने से मना कर दिया।
मौके पर पहुंचे किसान नेता
सूचना मिलते ही किसान एकत्रित हो गए।
- भारतीय किसान यूनियन (भानु) के प्रदेश उपाध्यक्ष गुरवंत सिंह चीमा
- प्रदेश सचिव मलकीत सिंह
- किसान नेता गुरसेवक सिंह, सरवन बिट्टू सहित अन्य किसान मौके पर पहुंचे और तुरंत एसडीएम, डीएम व जिला कृषि अधिकारी से फोन पर घटना की जानकारी दी।
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किसान नेताओं ने कहा कि ऊपर से कोई आदेश नहीं है, फिर भी सचिव मनमानी कर रहे हैं। यह सरकारी व्यवस्था को बदनाम करने और किसानों को परेशान करने की साजिश है। आखिरकार भारी हंगामे के बाद ट्रालियाँ छोड़ी गईं, लेकिन किसानों में भारी रोष है। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि ऐसे भ्रष्ट अफसरों पर तत्काल कार्रवाई नहीं हुई तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
