अतुल्य भारत चेतना
शुभम शर्मा
जयपुर। राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने फर्जी डिग्री के देशव्यापी रैकेट के सबसे बड़े सरगना रवि त्यागी को नोएडा से गिरफ्तार कर लिया। त्यागी पर 25 हजार रुपए का इनाम घोषित था और वह लंबे समय से फरार चल रहा था। SOG की अब तक की जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि रवि त्यागी ने पिछले दस सालों में 3 से 5 लाख रुपए प्रति डिग्री के हिसाब से फर्जी मार्कशीट, सर्टिफिकेट और डिग्रियां बेचकर 200 करोड़ रुपए से ज्यादा की अवैध कमाई की। यह नेटवर्क राजस्थान के साथ-साथ उत्तर प्रदेश और कई अन्य राज्यों में फैला हुआ था।
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आरोपी लोगों को ठगने के लिए खुद को दो अलग-अलग विश्वविद्यालयों में लेक्चरर बताता था, ताकि उसकी बात पर आसानी से विश्वास किया जाए। वह लगातार अपनी लोकेशन बदलता रहता था, जिसके कारण कई राज्यों में दर्ज मुकदमों के बावजूद वह पुलिस की पकड़ से बाहर रहा।
PTI भर्ती घोटाले से खुला था सुराग
वर्ष 2024 में राजस्थान में हुई PTI भर्ती के दौरान फर्जी डिग्रियों का बड़ा मामला सामने आया था। इसी केस की गहन जांच एडिशनल एसपी धर्माराम गिला के नेतृत्व में चल रही थी। जांच के दौरान मिले तकनीकी और मानवीय सुरागों की कड़ी रवि त्यागी तक पहुंची। लंबी निगरानी और खुफिया जानकारी के बाद SOG की टीम ने नोएडा में दबिश देकर उसे धर दबोचा।
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SOG अब पूरे नेटवर्क में शामिल अन्य आरोपियों, पैसे के लेन-देन के रास्तों और फर्जी डिग्रियां तैयार करने वाले गिरोह के विस्तार की गहन पड़ताल कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में इस मामले में कई और बड़े नाम सामने आ सकते हैं। राजस्थान पुलिस की इस कार्रवाई को फर्जी डिग्री के धंधे पर लगाम लगाने की दिशा में बड़ा झटका माना जा रहा है।

