ऊर्जा नगरी सीपत में मोटर मालिक संघ एवं मैकेनिक संघ करेगा भव्य आयोजन
अतुल्य भारत चेतना
वीरेंद्र यादव
सीपत। ऊर्जा नगरी सीपत में इस वर्ष भी देव शिल्पी विश्वकर्मा जयंती बड़े ही धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाई जाएगी। समस्त मोटर मालिक संघ एवं मैकेनिक संघ के तत्वावधान में यह आयोजन 17 सितंबर को ज्योति लॉज परिसर में किया जाएगा।
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विशेष परंपरा और महत्व
हिंदू पंचांग के अनुसार, अश्विन मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को भगवान विश्वकर्मा की जयंती मनाई जाती है। इस दिन को विश्वकर्मा जयंती या विश्वकर्मा पूजा कहा जाता है। पारंपरिक रूप से व्यापारी, शिल्पकार, मैकेनिक, कारीगर और तकनीकी क्षेत्र से जुड़े लोग अपने यंत्रों, मशीनों और औजारों की पूजा करते हैं।
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भगवान विश्वकर्मा को निर्माण और सृजन का देवता माना जाता है। उन्हें यंत्रों और तकनीक का अधिष्ठाता भी कहा जाता है। यही कारण है कि इस दिन लोग अपने कामकाज में उपयोग होने वाले उपकरणों की सफाई, सजावट और पूजन करके उनसे सुख-समृद्धि की कामना करते हैं।
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आयोजन की तैयारियाँ
मोटर मालिक संघ एवं मैकेनिक संघ ने बताया कि आयोजन स्थल पर सुबह से ही पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और प्रसादी वितरण का कार्यक्रम होगा। इस अवसर पर बड़ी संख्या में व्यापारी, मजदूर, मैकेनिक, तकनीशियन और श्रद्धालु उपस्थित रहेंगे। आयोजन समिति ने सभी नागरिकों से कार्यक्रम में शामिल होकर विश्वकर्मा भगवान का आशीर्वाद प्राप्त करने की अपील की है।
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सामाजिक एकता का प्रतीक
विश्वकर्मा जयंती का यह उत्सव केवल धार्मिक अनुष्ठान ही नहीं, बल्कि सामाजिक एकता और भाईचारे का प्रतीक भी है। इस अवसर पर लोग एक-दूसरे को शुभकामनाएँ देते हैं और सामूहिक रूप से अपने कार्यक्षेत्र और व्यवसाय की उन्नति के लिए भगवान विश्वकर्मा से प्रार्थना करते हैं।

