अतुल्य भारत चेतना
रईस
रुपईडीहा बहराइच : रुपईडीहा की गलियों से उठकर एक युवा ने वह मुकाम हासिल कर लिया,जिसका सपना हजारों मेडिकल स्टूडेंट देखते हैं। डॉ. उबैद हबीब ने कजाकिस्तान से एमबीबीएस की कठिन पढ़ाई पूरी करने के बाद भारत के सबसे चुनौतीपूर्ण फ़ॉरेन मेडिकल ग्रेजुएट एग्ज़ामिनेशन (एफएमजीई) को शानदार सफलता के साथ पास कर लिया है। अब वे भारत में चिकित्सकीय सेवा देने के लिए पूरी तरह योग्य हो गए हैं।

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यह सिर्फ एक डिग्री की जीत नहीं, बल्कि मेहनत, लगन और हौसले की जीत है जो हर छोटे शहर के युवाओं को यह यकीन दिलाती है कि तुम कहीं से भी हो, मंज़िल तुम्हारी ही होगी अगर इरादा मजबूत है। अपनी सफलता पर डॉ. उबैद हबीब ने मुस्कुराते हुए कहा अगर आप खुद पर भरोसा रखो और मेहनत जारी रखो,तो ईश्वर आपको आपकी मेहनत का फल जरूर देता है। उनके पिता डॉ. हबीबुल्लाह ने भावुक होकर कहा यह कहानी हर उस बच्चे के लिए सबक है जो सोचता है कि छोटे कस्बे से निकलकर बड़े सपने पूरे करना मुश्किल है। आज रुपईडीहा के लोग गर्व से कह रहे हैं कि आपका बेटा अब सिर्फ आपका नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र का गौरव है।

