अतुल्य भारत चेतना (संवाददाता: हर्षित मिश्रा)
लखीमपुर खीरी जनपद में कृषि विभाग के तत्वावधान में एक दिवसीय कृषि मेला एवं प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस मेले में जिले भर से हजारों की संख्या में किसान उत्साहपूर्वक शामिल हुए, जिससे कार्यक्रम स्थल पर रौनक छा गई।
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कृषि विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने किसानों का हार्दिक स्वागत और अभिनंदन किया। अधिकारियों ने मेले का उद्घाटन करते हुए किसानों को संबोधित किया और उन्हें आधुनिक कृषि तकनीकों के बारे में जानकारी प्रदान की। मेले में विभिन्न स्टॉल लगाए गए थे, जहां उन्नत बीज, खाद, कृषि यंत्र और फसल प्रबंधन से संबंधित सामग्री प्रदर्शित की गई।
यह प्रदर्शनी मुख्य रूप से किसानों को उत्तम कृषि पद्धतियों की ओर प्रेरित करने के उद्देश्य से आयोजित की गई थी। विशेष ध्यान जूट और खरीफ फसलों पर दिया गया, ताकि किसान इन फसलों की खेती में अधिक रुचि लें और उत्पादन बढ़ाएं। साथ ही, फसलों को अधिक उपजाऊ बनाने के लिए मिट्टी परीक्षण, जैविक खाद का उपयोग, कीट प्रबंधन और सिंचाई की नवीन तकनीकों पर जोर दिया गया।
किसानों ने मेले में प्रदर्शित तकनीकों और यंत्रों में गहरी रुचि दिखाई। कई किसानों ने अधिकारियों से व्यक्तिगत रूप से चर्चा कर अपनी समस्याओं का समाधान प्राप्त किया। कृषि विशेषज्ञों ने सेमिनार और कार्यशालाओं के माध्यम से किसानों को फसल चक्र, मिश्रित खेती और जल संरक्षण जैसी महत्वपूर्ण विषयों पर मार्गदर्शन प्रदान किया।
यह आयोजन किसानों की आय दोगुनी करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ। जिले के मुख्य विकास अधिकारी और अन्य अधिकारियों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को और अधिक गरिमामय बनाया। मेले के समापन पर किसानों ने आयोजकों का आभार व्यक्त किया और ऐसे कार्यक्रमों की निरंतरता की मांग की।
इस प्रकार का कृषि मेला न केवल ज्ञानवर्धक सिद्ध होता है, बल्कि किसानों में नई ऊर्जा और आत्मविश्वास का संचार भी करता है। लखीमपुर खीरी जैसे कृषि प्रधान क्षेत्र में ऐसे आयोजन किसानों के लिए वरदान साबित हो रहे हैं।

