अतुल्य भारत चेतना (राजेन्द्र श्रीवास)
देवास। जिले के सतवास कस्बे में 24 दिसंबर 2025 को अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान हुए दर्दनाक हादसे में खुद पर पेट्रोल डालकर आत्मदाह की कोशिश करने वाली महिला जयश्री व्यास ने इलाज के दौरान रविवार (11 जनवरी 2026) को अंतिम सांस ली। वे पिछले लगभग 18 दिनों से इंदौर के एक निजी अस्पताल (चौइथराम अस्पताल) में भर्ती थीं, जहां गंभीर जलने के कारण उनकी हालत लगातार नाजुक बनी हुई थी।
इसे भी पढ़ें (Read Also): भदपुरा ब्लॉक में चार दिवसीय एफ एल एन प्रशिक्षण शुरू
घटना का विवरण
यह पूरा मामला सतवास नगर के वार्ड नंबर 5 से जुड़ा है। यहां रहने वाले संतोष व्यास (जो बस स्टैंड पर स्टेशनरी और फोटोकॉपी की दुकान चलाते हैं) अपने घर के निर्माण में सार्वजनिक नाली पर अतिक्रमण का आरोप थे। पड़ोसी मोहनदास पिता रामदास बैरागी ने तहसीलदार को शिकायत दी थी कि इस अतिक्रमण से नाली जाम हो रही है और जलभराव की समस्या उत्पन्न हो रही है। इस शिकायत के आधार पर प्रशासन ने कार्रवाई का निर्णय लिया।
24 दिसंबर 2025 को प्रभारी तहसीलदार अरविंद दिवाकर के नेतृत्व में नगर परिषद, पुलिस बल और जेसीबी मशीन के साथ टीम मौके पर पहुंची। कार्रवाई शुरू होते ही संतोष व्यास और उनकी पत्नी जयश्री व्यास ने तीव्र विरोध जताया। विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों ने सरकारी अमले के सामने ही खुद पर पेट्रोल डालकर आग लगा ली।
मौके पर मौजूद लोगों और कर्मचारियों ने तुरंत आग बुझाई और दोनों को गंभीर रूप से झुलसे हालत में बचाया। उन्हें पहले सतवास के स्थानीय अस्पताल में प्राथमिक उपचार दिया गया, फिर गंभीर हालत को देखते हुए इंदौर रेफर कर दिया गया। यहां पहले MY अस्पताल और बाद में चौइथराम अस्पताल में उनका इलाज चला।
संतोष व्यास की हालत में सुधार होने के कारण उन्हें एक दिन पहले (शनिवार) अस्पताल से छुट्टी दे दी गई थी, लेकिन जयश्री व्यास की स्थिति लगातार बिगड़ती गई और आखिरकार रविवार को उन्होंने दम तोड़ दिया।
घटना के बाद की स्थिति
- इस घटना के तुरंत बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और लोगों ने जेसीबी मशीन पर पथराव किया।
- परिजनों ने करीब 6 घंटे तक सड़क जाम रखा और प्रदर्शन किया।
- प्रशासन ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तहसीलदार अरविंद दिवाकर और नगर परिषद के सीएमओ चुन्नीलाल जूनवाल को निलंबित कर दिया।
- कुछ वीडियो में विवादास्पद दृश्य सामने आए, जिसमें एक महिला द्वारा पेट्रोल डालने का भी जिक्र है, जिससे मामले में और सवाल उठे हैं।
यह घटना अतिक्रमण हटाने के अभियानों के दौरान प्रशासन और स्थानीय निवासियों के बीच बढ़ते तनाव का एक गंभीर उदाहरण बन गई है। जयश्री व्यास की मौत ने पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ा दी है। प्रशासन ने मामले की गहन जांच के आदेश दिए हैं ताकि दोषियों पर उचित कार्रवाई हो सके।

