राजस्थान में भी अन्य प्रदेशों जैसी सुविधाएं लागू करवाने की सिफारिश
अतुल्य भारत चेतना
मेहरबान अली कैरानवी
जयपुर। राजस्थान के उन समाजसेवियों का प्रतिनिधि मंडल, जिन्हें भारत सरकार के युवा एवं खेल मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय युवा पुरस्कार से सम्मानित किया गया है, ने वरिष्ठ समाजसेवी रवि शंकर धाभाई के नेतृत्व में गुरुवार को राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े से राजभवन में शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर श्री धाभाई ने राज्यपाल को शॉल ओढ़ाकर उनका अभिनंदन किया।
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प्रतिनिधि मंडल की मौजूदगी
प्रतिनिधि मंडल में प्रमुख रूप से सुरेश कुमार शर्मा, हंसराज वर्मा और गोसेवक गिरिराज प्रसाद शर्मा सहित कई वरिष्ठ समाजसेवी शामिल रहे। सभी प्रतिनिधियों ने राज्यपाल को अवगत कराया कि राजस्थान प्रदेश में राष्ट्रीय युवा पुरस्कार से सम्मानित व्यक्तियों को अभी तक वे सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं, जो अन्य राज्यों में दी जा रही हैं।
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नेतृत्वकर्ता का परिचय
मंडल का नेतृत्व कर रहे रवि शंकर धाभाई स्वयं भी राष्ट्रीय युवा पुरस्कार से सम्मानित हैं।
उन्होंने वर्ष 1984 में तत्कालीन राष्ट्रपति ज्ञानी जैल सिंह से राष्ट्रपति स्काउट अवार्ड तथा 1989 में राष्ट्रपति आर. वेंकटरमन से राष्ट्रपति रोवर अवार्ड प्राप्त किया था।
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इसके अतिरिक्त उन्हें राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है। चार दशकों से अधिक समय से वे सामाजिक सेवा के विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं और राजस्थान का नाम देशभर में रोशन कर रहे हैं।
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मांग एवं सिफारिश
प्रतिनिधि मंडल ने राज्यपाल को बताया कि कई राज्यों में राष्ट्रीय युवा पुरस्कार प्राप्त व्यक्तियों को विशेष सुविधाएं और सम्मानजनक अधिकार दिए जाते हैं, जिससे वे समाज सेवा के कार्यों को और अधिक प्रभावी ढंग से कर पाते हैं।
उन्होंने आग्रह किया कि राजस्थान में भी इन सुविधाओं को लागू करने के लिए राज्यपाल महोदय सरकार को सिफारिश भेजें, ताकि प्रदेश के राष्ट्रीय युवा पुरस्कार से सम्मानित समाजसेवियों को भी समान अवसर और सहयोग प्राप्त हो सके।
