काशीपुर – प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल की ओर से काशीपुर में जिला सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन के दौरान व्यापारियों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर गहन चर्चा की गई और सरकार के समक्ष कई अहम मांगें रखी गईं। सबसे प्रमुख मांग 60 वर्ष की आयु के बाद व्यापारियों को ‘व्यापारिक पेंशन’ दिए जाने की रही।
रामनगर रोड स्थित होटल में हुआ आयोजन
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रविवार को रामनगर रोड स्थित एक होटल में आयोजित सम्मेलन में कुमाऊं मंडल के विभिन्न क्षेत्रों से आए व्यापारियों और पदाधिकारियों ने भाग लिया। वक्ताओं ने कहा कि व्यापारी वर्ग भी समाज की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है, ऐसे में उन्हें भी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ मिलना चाहिए।
मंडी शुल्क और आपदा राहत पर जोर
सम्मेलन को संबोधित करते हुए कुमाऊं प्रभारी अश्वनी छाबड़ा ने प्रदेश सरकार से मांग की कि उत्तराखंड में मंडी शुल्क को उत्तर प्रदेश की तर्ज पर लागू किया जाए। इसके साथ ही आपदा के समय प्रभावित व्यापारियों को भी राहत का पात्र माना जाए। उन्होंने पर्वतीय क्षेत्रों से विकास प्राधिकरण को पूरी तरह समाप्त करने की भी मांग उठाई।
व्यापारियों के लिए बीमा और पेंशन की मांग
व्यापार मंडल के प्रदेश सचिव अनिल अग्रवाल ‘खुलासा’ ने कहा कि जीएसटी में रजिस्टर्ड व्यापारियों को एक्सीडेंटल डेथ पर मिलने वाला मुआवजा सामान्य मृत्यु पर भी दिया जाना चाहिए।
उन्होंने छोटे व्यापारियों के लिए निशुल्क बीमा सुरक्षा की मांग करते हुए कहा कि 60 वर्ष की आयु के बाद व्यापारियों को भी अन्य वर्गों की तरह व्यापारिक पेंशन मिलनी चाहिए।
जीएसटी काउंसिल और व्यापारी कल्याण बोर्ड की मांग
सम्मेलन में यह भी मांग उठाई गई कि जीएसटी काउंसिल में व्यापारी प्रतिनिधियों को शामिल किया जाए ताकि नीतियां बनाते समय व्यापारियों की समस्याओं को समझा जा सके। साथ ही उत्तराखंड में व्यापारी कल्याण बोर्ड के गठन की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।
ये रहे मौजूद
कार्यक्रम में दिलप्रीत सिंह सेठी, सत्यवान गर्ग, प्रमोद राजहंस सहित बड़ी संख्या में व्यापारी और संगठन के पदाधिकारी मौजूद रहे।

