अतुल्य भारत चेतना
इसे भी पढ़ें (Read Also): Kairana news; सड़क पार करते वक्त फिसलकर गिरी वृद्ध महिला, घायल
लोकेशन नारायणपुर छत्तीसगढ़
संवाददाता – खुमेश यादव
31 दिसम्बर 2025 तक चलेगा व्यापक सर्वे एवं उपचार अभियान
नारायणपुर, 08 दिसम्बर 2025 राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत मलेरिया मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान का तेरहवाँ चरण 08 दिसम्बर से 31 दिसम्बर 2025 तक संचालित किया जा रहा है। इस चरण का शुभारंभ ग्राम बिंजली के आयुष्मान आरोग्य मंदिर से किया गया। कार्यक्रम के प्रारंभ अवसर पर ग्राम सरपंच श्रीमती गमित कुमेटी, ग्राम पंच, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
अभियान का संचालन मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. टी.आर. कुवर के मार्गदर्शन में किया जा रहा है। जिला स्तर पर अभियान को सफल बनाने हेतु जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री राजीव सिंह बघेल, डॉ. परमानंद बघेल (जिला वीबीडी सलाहकार), श्री ईश्वर कुजुर (बीपीएम नारायणपुर), श्री प्रदीप देवांगन (BPM ओरछा) तथा स्वास्थ्य कार्यकर्ता, मितानिनें, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं वीबीडी टीम के सदस्य उपस्थित रहे।
ज्ञात हो कि बस्तर संभाग का बड़ा हिस्सा अबूझमाड़ क्षेत्र में आता है, जो पूर्व में मलेरिया प्रभावित क्षेत्रों में शामिल रहा है। इसी के मद्देनज़र बारहवें चरण में लक्ष्य जनसंख्या की मलेरिया जांच आरडी किट द्वारा कर पूर्ण उपचार प्रदान किया गया था।
तेरहवें चरण में 156790 की लक्ष्य जनसंख्या की आरडी किट से जांच की जाएगी। अभियान के लिए 194 सर्वे दल तैयार किए गए हैं, जिनमें 520 सदस्य शामिल हैं। सुचारू संचालन हेतु 24 सुपरवाइजर नियुक्त किए गए हैं। जांच में पॉजिटिव आने पर स्वास्थ्य कार्यकर्ता द्वारा तत्काल प्रथम खुराक दी जाएगी तथा द्वितीय एवं तृतीय खुराक मितानिनों की निगरानी में सुनिश्चित की जाएगी, ताकि मरीज का पूर्ण उपचार हो सके। सभी सर्वे दलों को प्रशिक्षण एवं आवश्यक सामग्री पूर्व में उपलब्ध कराई गई है।
अभियान के दौरान प्रचार-प्रसार, नुक्कड़ नाटक, स्थानीय भाषा में जनजागरण, मलेरिया से प्रभावित मरीजों को स्थानीय पौष्टिक आहार एवं चिक्की का वितरण, तथा दवाओं का पूर्ण कोर्स खिलाने में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं का सहयोग शामिल रहेगा।
पॉजिटिव मरीजों का निर्धारित अवधि में फॉलो-अप स्लाइड परीक्षण (पीएफ–4 दिन, पीवी –14 दिन, मिक्स–15 दिन बाद) किया जाएगा तथा पुनः पॉजिटिव पाए जाने पर पूरा उपचार दिया जाएगा।
जनसामान्य को दवा-लेपित मच्छरदानी के उपयोग, घरों में आईआरएस छिड़काव, तथा स्वच्छता बनाए रखने हेतु प्रेरित किया जाएगा। लक्ष्य जनसंख्या में पॉजिटिविटी दर कम कर एनुअल पैरासाइट इंडेक्स को न्यूनतम स्तर तक लाने का उद्देश्य रखा गया है।
जिला एवं विकासखंड स्तर पर नियमित बैठकों में मॉनिटरिंग, सुपरविजन, एवं मलेरिया सर्विलांस समीक्षा की जाएगी, ताकि अभियान के सभी चरण गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण हो सके।

